रामायण मंडलियों ने दी भावपूर्ण प्रस्तुतियां, नगर के सफाई कर्मियों का भी किया गया सम्मान
नगरी। धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं को जीवंत रखने तथा नई पीढ़ी को भगवान श्रीराम के आदर्शों और रामायण की शिक्षाओं से जोड़ने की दिशा में युवा एकता गणेशोत्सव समिति नगरी द्वारा एक अनूठी पहल की गई। समिति के तत्वावधान में नगर स्तरीय रामायण प्रतियोगिता का भव्य आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में नगर की विभिन्न रामायण मंडलियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता निभाई और अपनी शानदार प्रस्तुतियों से उपस्थित दर्शकों का मन मोह लिया।
प्रतियोगिता के दौरान रामायण मंडलियों ने रामचरितमानस के विभिन्न प्रसंगों का भावपूर्ण प्रस्तुतिकरण किया। कलाकारों के गायन, संवाद, अभिनय और प्रस्तुति ने पूरे वातावरण को भक्तिमय बना दिया। भगवान श्रीराम के जीवन, मर्यादा, त्याग, सत्य और धर्म के संदेश को प्रस्तुतियों के माध्यम से लोगों तक पहुंचाया गया।
युवाओं की पहल बनी नगर में आकर्षण का केंद्र
युवा एकता गणेशोत्सव समिति द्वारा आयोजित यह कार्यक्रम केवल धार्मिक आयोजन तक सीमित नहीं रहा, बल्कि इसमें सामाजिक सरोकारों को भी प्रमुखता दी गई। समिति ने रामायण प्रतियोगिता के माध्यम से नगर की धार्मिक एवं सांस्कृतिक परंपराओं को मंच देने के साथ-साथ समाज के उन लोगों का भी सम्मान किया, जो प्रतिदिन बिना किसी दिखावे के नगर की सेवा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
नगर को स्वच्छ रखने वाले सफाई कर्मियों का सम्मान
कार्यक्रम के दौरान नगर के सफाई कर्मियों का विशेष सम्मान किया गया। सफाई कर्मी प्रतिदिन सुबह से लेकर दिनभर नगर की साफ-सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने में अपनी अहम भूमिका निभाते हैं। उनके प्रयासों के कारण नगर की गलियां, सड़कें और सार्वजनिक स्थान स्वच्छ बने रहते हैं।
समिति ने सफाई कर्मियों के योगदान को सम्मान देते हुए उन्हें मंच पर आमंत्रित कर सम्मानित किया। इस दौरान उनके प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा गया कि स्वच्छ नगर के निर्माण में सफाई कर्मियों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। समाज में अक्सर जिन लोगों की मेहनत पर्दे के पीछे रहती है, उन्हें सम्मान के मंच पर स्थान देना इस आयोजन की विशेष पहल रही।
प्रतियोगिता में इन मंडलियों ने हासिल किए स्थान
प्रतियोगिता में श्रीराम नवयुवक रामायण मंडली, लाइनपारा नगरी ने शानदार प्रस्तुति देते हुए प्रथम स्थान प्राप्त किया। प्रथम पुरस्कार का सहयोग वासु कंप्यूटर, नगरी द्वारा किया गया।
द्वितीय स्थान रामनगर रामायण मंडली, जंगलपारा नगरी ने प्राप्त किया। द्वितीय पुरस्कार का सहयोग सिग्मा ट्यूटोरियल एवं सुरेश साहू (वकील) द्वारा किया गया।
वहीं नवजागृति महिला मानस मंडली, जंगलपारा नगरी ने अपनी प्रभावशाली प्रस्तुति से तृतीय स्थान हासिल किया। तृतीय पुरस्कार का सहयोग महानदी इलेक्ट्रिकल्स, नगरी (मोंटू सिंह ठाकुर) द्वारा किया गया।
महिला मानस मंडली की सहभागिता भी रही खास
प्रतियोगिता में नवजागृति महिला मानस मंडली, जंगलपारा की सहभागिता भी विशेष रही। महिला मंडली ने अपनी प्रस्तुति के माध्यम से धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों में महिलाओं की महत्वपूर्ण भागीदारी का संदेश दिया।
समिति के सदस्यों ने संभाली आयोजन की जिम्मेदारी
इस पूरे आयोजन को सफल बनाने में युवा एकता गणेशोत्सव समिति नगरी के सदस्यों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। समिति से जुड़े उमाशंकर ध्रुव, कुमार राजपूत, वीरेंद्र निरलाकर, चीकू, उत्तम, पिंटू, खिलावन, सत्य प्रकाश ठाकुर, जगदीश कुमार सिन्हा, मनीष ध्रुव, राहुल साहू, मनीष साहू, भीपेंद्र साहू, सागर तिवारी, बिट्टू, भोलू, चिंटू, छोटू पटेल, ईश्वर, राजू, तुषार, उदित, वासु, भावेश, नीलकंठ, राहुल यादव, बाबू राज, सतीश, बंटी भैया, गंगू, लक्ष्मी नारायण, हर्ष, शिवा, चंदन भरवा और दीपक सहित समिति के सदस्यों ने आयोजन को सफल बनाने में अपना योगदान दिया।
धार्मिक आयोजन के साथ सामाजिक संदेश भी
युवा एकता गणेशोत्सव समिति की यह पहल इसलिए भी खास रही कि कार्यक्रम में धार्मिक एवं सांस्कृतिक गतिविधियों के साथ सामाजिक जिम्मेदारी को भी जोड़ा गया। एक ओर जहां रामायण मंडलियों ने भगवान श्रीराम के आदर्शों का संदेश दिया, वहीं दूसरी ओर नगर की स्वच्छता में योगदान देने वाले सफाई कर्मियों का सम्मान कर उनके कार्य को समाज के सामने सम्मानजनक स्थान दिया गया।
आयोजन ने यह संदेश दिया कि धर्म और संस्कृति के साथ समाज के प्रत्येक वर्ग के सम्मान और योगदान को महत्व देना भी हमारी जिम्मेदारी है। युवाओं द्वारा इस तरह की पहल से नगर की सांस्कृतिक गतिविधियों को नई ऊर्जा मिलने के साथ ही सामाजिक एकता और सहभागिता को भी बढ़ावा मिलता है।
समिति ने प्रतियोगिता में शामिल सभी रामायण मंडलियों, सहयोगकर्ताओं, सफाई कर्मियों, अतिथियों एवं नगरवासियों का आभार व्यक्त किया और भविष्य में भी इसी तरह के धार्मिक, सांस्कृतिक एवं सामाजिक आयोजनों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया।



